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अल-फुरकान आयत ४४ | Al-Furqan 25:44

Or
أَمْ
या
do you think
تَحْسَبُ
आप समझते हैं
that
أَنَّ
कि बेशक
most of them
أَكْثَرَهُمْ
अक्सर उनके
hear
يَسْمَعُونَ
वो सुनते हैं
or
أَوْ
या
understand?
يَعْقِلُونَۚ
वो समझते हैं
Not
إِنْ
नहीं हैं
they
هُمْ
वो
(are) except
إِلَّا
मगर
like cattle
كَٱلْأَنْعَٰمِۖ
जानवरों की तरह
Nay
بَلْ
बल्कि
they
هُمْ
वो
(are) more astray
أَضَلُّ
ज़्यादा भटके हुए हैं
(from the) way
سَبِيلًا
रास्ते से

Am tahsabu anna aktharahum yasma'oona aw ya'qiloona in hum illa kaalan'ami bal hum adallu sabeelan

Muhammad Faruq Khan Sultanpuri & Muhammad Ahmed:

या तुम समझते हो कि उनमें अधिकतर सुनते और समझते है? वे तो बस चौपायों की तरह हैं, बल्कि उनसे भी अधिक पथभ्रष्ट!

English Sahih:

Or do you think that most of them hear or reason? They are not except like livestock. Rather, they are [even] more astray in [their] way.

1 | Suhel Farooq Khan/Saifur Rahman Nadwi

क्या ये तुम्हारा ख्याल है कि इन (कुफ्फ़ारों) में अक्सर (बात) सुनते या समझते है (नहीं) ये तो बस बिल्कुल मिसल जानवरों के हैं बल्कि उन से भी ज्यादा राह (रास्त) से भटके हुए

2 | Azizul-Haqq Al-Umary

क्या आप समझते हैं कि उनमें से अधिक्तर सुनते और समझते हैं? वे पशुओं के समान हैं, बल्कि उनसे भी अधिक कुपथ हैं।